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स्कूल शिक्षा का भविष्य

स्कूल शिक्षा का भविष्य तकनीकी विकास, सामाजिक परिवर्तनों और वैश्विक बदलावों के कारण बहुत ही रोमांचक और चुनौतीपूर्ण होने वाला है। कुछ प्रमुख बदलाव जो आने वाले समय में हो सकते हैं, वे इस प्रकार हैं: प्रौद्योगिकी का उपयोग : डिजिटल प्लेटफॉर्म्स, ऑनलाइन शिक्षा, और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का स्कूल शिक्षा में एक महत्वपूर्ण स्थान होगा। बच्चों को इंटरेक्टिव, कस्टमाइज्ड और पर्सनलाइज्ड शिक्षा मिल सकेगी। स्मार्ट क्लासरूम, ई-लर्निंग, और आभासी कक्षाएं एक सामान्य तरीका बन सकती हैं। कौशल आधारित शिक्षा : भविष्य में शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान प्राप्त करना नहीं, बल्कि व्यावसायिक कौशल, समस्या सुलझाने की क्षमता, और रचनात्मक सोच को बढ़ावा देना होगा। ऐसे पाठ्यक्रम तैयार किए जाएंगे जो जीवन कौशल, संवाद कौशल, और प्रौद्योगिकियों के बारे में गहरे ज्ञान को शामिल करेंगे। समावेशी और व्यक्तिगत शिक्षा : शिक्षा में विविधता और समावेशिता पर जोर दिया जाएगा, ताकि सभी छात्रों को उनकी क्षमता के अनुसार शिक्षा मिल सके। इससे बच्चों के शैक्षिक और मानसिक विकास में मदद मिलेगी, चाहे वे किसी भी सामाजिक या भौगोलिक पृष्...

मुहावरा किसे कहते है? लोकोक्ति किसे कहते है? मुहावरा और लोकोक्ति में क्या अंतर है?

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नमस्कार साथियों 🙏 आशा  करती हूँ आप सब अच्छे होंगे और अपने जीवन को और अच्छा बनाने के लिए निरंतर प्रयत्न कर रहे होंगे। अब पढाई  की बात करते है आज हम मुहावरे और लोकोक्ति के बारे में पढ़ेंगे।   * मुहावरा किसे कहते है?  * लोकोक्ति किसू कहते है? * मुहावरा और लोकोक्ति में क्या अंतर है?   मुहावरा किसे कहते हैं? सोदाहरण स्पष्ट कीजिए। जब कोई वाक्यांश अपने शाब्दिक या सामान्य अर्थ का बोध ना कराकर किसी विशेष अर्थ का बोध कराता है, जब उसे मुहावरा कहते हैं। इसके प्रभाव से भाषा में सजीवता, सुंदरता तथा स्पष्टता आ जाती है और भाषा का अर्थ प्रभाव भी बढ़ जाता है जैसे- पुलिस को आता देख उपद्रवी नौ दो ग्यारह हो गए। यहां 'नौ दो ग्यारह होने' का अर्थ भाग जाना है  लोकोक्ति किसे कहते हैं? सोदाहरण स्पष्ट कीजिए। सामाजिक जीवन में अनुभव के आधार पर प्रचलित उक्ति को लोकोक्ति कहा जाता है लोकोक्तियां प्राय: पूर्ण वाक्य में होती है। जैसे-  अकेला चना भाड़ नहीं फोड़ सकता  यहां पूरी लोकोक्ति का अर्थ है कि अकेला व्यक्ति किसी बड़े कार्य को करने में समर्थ नहीं होता है। ...

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